Vastu Tips- घर की इस दिशा में बनाएं मंदिर, जानिए इस दिशा के बारे में
- byJitendra
- 18 Dec, 2025
दोस्तो वास्तुशास्त्र का हिंदू धर्म में बहुत ही महत्व हैं, जिसके प्राचीन विज्ञान का इस्तेमाल कर हम अपने जीवन से नकारात्मकता दूर कर सकारात्मकता जीवन में ला सकते हैं, ऐसे में बात करें घर में मंदिर स्थापित करने की तो इसको सही दिशा में स्थापित करने से घर में शांति, पॉजिटिविटी और आध्यात्मिक ऊर्जा स्थापित होती है। पारंपरिक मान्यताओं और वास्तु सिद्धांतों के अनुसार, इसकी पवित्रता बनाए रखने और घर में पॉजिटिव वाइब्स सुनिश्चित करने के लिए कुछ नियमों का पालन किया जाना चाहिए। आइए जानते हैं घर कि किस दिशा में मंदिर स्थापित करना चाहिए-

अशुभ जगहों से बचें
बाथरूम, सीढ़ियों या स्टोररूम के पास कभी भी मंदिर न बनाएं या न रखें, क्योंकि इन जगहों को अशुद्ध माना जाता है और ये आध्यात्मिक ऊर्जा को डिस्टर्ब कर सकती हैं।
मंदिर को बेडरूम में न रखें
मंदिर को बेडरूम में नहीं रखना चाहिए, खासकर शादीशुदा जोड़े के बेडरूम में, क्योंकि यह आध्यात्मिक फोकस और पर्सनल तालमेल दोनों को प्रभावित कर सकता है।
पूजा करते समय सही दिशा में मुंह करें
पूजा करते समय, व्यक्ति को पूर्व या उत्तर दिशा की ओर मुंह करना चाहिए, क्योंकि माना जाता है कि ये दिशाएं एकाग्रता और पॉजिटिव एनर्जी को बढ़ाती हैं।

टूटी या खराब मूर्तियों को हटा दें
टूटी, चटकी हुई या खराब देवी-देवताओं की मूर्तियां और तस्वीरें मंदिर में कभी नहीं रखनी चाहिए, क्योंकि इन्हें अशुभ माना जाता है।
मंदिर में ज़्यादा भीड़ न करें
पूजा की जगह पर बहुत ज़्यादा मूर्तियां या तस्वीरें न रखें। ज़्यादा भीड़ वाला मंदिर कन्फ्यूजन पैदा करता है और नेगेटिव एनर्जी बढ़ाता है।
सफाई और शांति बनाए रखें
पूजा की जगह हमेशा साफ, शांत और बिना फालतू सामान के होनी चाहिए। मंदिर के अंदर या आसपास गैर-ज़रूरी चीजें रखने से बचें।






